राष्ट्रीय साधन सह योग्यता छात्रवृत्ति योजना यानी एनएमएमएसएस के लिए आवेदन की आखिरी तारीख बढ़ाकर 15 नवंबर 2026 कर दी गई है। शिक्षा मंत्रालय की 31 अक्टूबर की सूचना शैक्षणिक वर्ष 2026-27 के लिए है।
मंत्रालय की नई समयसीमा में संस्थान के नोडल अधिकारी को पहले स्तर का सत्यापन 30 नवंबर तक पूरा करना है। जिला नोडल अधिकारी के दूसरे स्तर के सत्यापन की आखिरी तारीख 15 दिसंबर है। जिन छात्रों ने फॉर्म पहले जमा कर दिया है, उनके लिए भी सत्यापन की ये तारीखें लागू हैं।
मंत्रालय के अनुसार, 30 अक्टूबर तक योजना में 90,483 नए आवेदन और 1,99,531 नवीनीकरण आवेदन जमा हुए थे। ये जमा किए गए फॉर्म के आंकड़े हैं। इन्हें छात्रवृत्ति की मंजूरी या बैंक खाते में भुगतान पाने वाले छात्रों की संख्या समझना सही नहीं होगा।
पहले की तारीखों से क्या बदला
एक अक्टूबर की पिछली सूचना में छात्रों को 31 अक्टूबर तक आवेदन करने का समय मिला था। उस समय संस्थान स्तर पर जांच की तारीख 15 नवंबर और जिला स्तर पर 30 नवंबर थी। अब आवेदन और उसके बाद होने वाली दोनों जांचों के लिए नया कैलेंडर दिया गया है।
यह योजना कक्षा आठ के बाद पढ़ाई छोड़ने की आशंका वाले आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के मेधावी छात्रों के लिए है। मंत्रालय के मुताबिक, पात्र छात्रों को सालाना 12,000 रुपये मिलते हैं। रकम डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए बैंक खाते में भेजी जाती है।
हर साल कक्षा नौ के लिए एक लाख नई छात्रवृत्तियां देने का प्रावधान है। संबंधित राज्य या केंद्रशासित प्रदेश की चयन परीक्षा में सफल पात्र छात्र इसके दायरे में आते हैं। इसके बाद कक्षा दस से बारह तक छात्रवृत्ति निर्धारित शैक्षणिक शर्तों के अनुसार नवीनीकरण के जरिए जारी रहती है।
पात्रता और पोर्टल पर आवेदन अलग चरण
अक्टूबर की आधिकारिक जानकारी के अनुसार, योजना राज्य सरकार के स्कूलों, सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों और स्थानीय निकायों द्वारा संचालित स्कूलों के पात्र छात्रों के लिए है। अभिभावकों की सालाना आय 3.50 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
चयन परीक्षा में बैठने के लिए कक्षा सात में कम से कम 55 प्रतिशत अंक या समकक्ष ग्रेड की शर्त है। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के छात्रों को इसमें पांच प्रतिशत अंक की छूट है। इसलिए केवल पोर्टल खुला होने से हर छात्र अपने आप पात्र नहीं हो जाता।
शिक्षा मंत्रालय ने 15 अक्टूबर की जानकारी में दोनों चरणों की जिम्मेदारी स्पष्ट की थी। चयन परीक्षा राज्य और केंद्रशासित प्रदेश कराते हैं। पंजीकरण, पहचान का प्रमाणीकरण और छात्रवृत्ति का वितरण एनएसपी के जरिए होता है। स्कूल और जिला स्तर के अधिकारियों को आवेदन की सही और समय पर जांच करनी होती है।
ओटीआर, आवेदन की स्थिति और सहायता
एनएसपी के छात्र पेज के अनुसार, आवेदन करने के लिए वन टाइम रजिस्ट्रेशन यानी ओटीआर जरूरी है। यह आधार या आधार नामांकन संख्या के आधार पर मिलने वाली 14 अंकों की विशिष्ट संख्या है। पोर्टल पर इसका इस्तेमाल छात्र के पूरे शैक्षणिक जीवन के लिए होता है।
छात्र पेज पर ओटीआर और छात्रवृत्ति आवेदन के लिए अलग विकल्प दिए गए हैं। नए और नवीनीकरण आवेदन भरने तथा उनकी स्थिति देखने के लिए ओटीआर आईडी और पासवर्ड से लॉगिन का विकल्प है। यह व्यवस्था शैक्षणिक वर्ष 2024-25 से आगे के आवेदनों के लिए बताई गई है।
आवेदन की स्थिति और भुगतान की स्थिति देखने की सुविधाएं भी अलग हैं। छात्र पेज पर भुगतान का पता लगाने के लिए पीएफएमएस पोर्टल का लिंक दिया गया है। इसलिए फॉर्म जमा होने, उसका सत्यापन पूरा होने और रकम आने को एक ही सूचना नहीं मानना चाहिए। नई विज्ञप्ति में भुगतान की निश्चित तारीख नहीं दी गई है।
जिन छात्रों को आवेदन भरने में सहायता चाहिए, उनके लिए एनएसपी की घोषणा में कॉमन सर्विस सेंटर की सुविधा बताई गई है। संदर्भ संख्या बनाने, बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण, ओटीआर तैयार करने और पूरा आवेदन भरने की सम्मिलित गतिविधि का शुल्क 30 रुपये तय बताया गया है। इसमें लागू कर भी शामिल हैं।
पोर्टल के छात्र पेज पर अलग छात्रवृत्ति योजनाओं की पात्रता जानने का विकल्प भी है। वहीं योजनाओं की सूची में आवेदन, त्रुटिपूर्ण फॉर्म की जांच और संस्थान स्तर के सत्यापन की तारीखें अलग दी जाती हैं। एनएमएमएसएस की मौजूदा पंक्ति में त्रुटिपूर्ण आवेदन की जांच और संस्थान के सत्यापन, दोनों के लिए 30 नवंबर दर्ज है।
पूर्व कवरेज: 3 अक्टूबर का एनएमएमएसएस समयसीमा विवरण और 5 अक्टूबर का एनएसपी विवरण। एनएमएमएसएस के लिए पिछली तारीखों की जगह नई समयसीमा लागू है।








